देहरादून। उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने ऋषिकेश-भानियावाला सड़क चैड़ीकरण परियोजना के तहत प्रस्तावित तीन हजार तीन सौ पेड़ों के कटान पर रोक लगा दी है। मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति जी. नरेंद्र एवं न्यायमूर्ति आशीष नैथानी की खंडपीठ ने इस मामले में दायर जनहित याचिका पर सुनवाई के दौरान यह रोक लगाई है। याचिकाकर्ता ने उच्च न्यायालय में जनहित याचिका दायर कर कहा है कि यह सड़क एलीफेंट कॉरिडोर से होकर गुजरती है। गौरतलब है कि पूर्व में भी उच्च न्यायालय के हस्तक्षेप के बाद शिवालिक एलीफेंट रिजर्व को संरक्षित किया गया था। उन्होंने पेड़ों के कटान को हाथियों के प्राकृतिक आवास के लिए खतरा बताया।

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