uttarakhand meemansa। दून मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस छात्र पांच छात्रों के निष्कासन का मामला उबाल पर है। कालेज ने अन्य छात्रों ने पांच छात्रों का निष्कासन रद कराने की मांग पर अड़ गये हैं। सोमवार को छात्रों ने प्रशासनिक भवन के सामने तीन घंटे तक धरना दिया। इस दौरान कॉलेज की फैकल्टी से उनकी तीखी नोकझोंक भी हुई।
छात्रों को मुख्य वार्डन डॉ अशोक कुमार, सांस्कृतिक कमेटी अध्यक्ष डॉ देश दीपक ने समझाने की कोशिश की। लेकिन, छात्रों ने कहा कि फीस कम करने की मांग को लेकर वह लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन कर रहे हैं। जबकि, कॉलेज प्रबंधन का रवैया तानाशाही का है। पांच छात्रों को निष्कासित करने का कोई औचित्य ही नहीं उठता। छात्रों ने कहा कि यदि निष्कासन ही किया जब है तो सभी किया जाता। कॉलेज प्रबंधन फीस के मामले को दूसरी ओर मोड़ रहा है। छात्रों किसी ने दबाव नहीं बनाया। छात्र खुद अपनी मर्जी से आंदोलन कर रहे हैं।
छात्र प्राचार्य से मिलना चाहते थे। लेकिन, प्राचार्य के शहर से बाहर होने के कारण उनकी वार्ता नहीं हो सकी। हालांकि, प्रोफेसरों ने प्राचार्य से वार्ता के बाद दो दिन में निष्कासन रद कराने का आश्वासन दिया। छात्रों का कहना है कि फीस कम कराने को लेकर उनका आंदोलन जारी रहेगा। साथ ही निष्कासन रद न होने तक प्रशासनिक भवन के सामने धरना दिया जाएगा।

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